तकनीकी मार्गदर्शन, जलकर निर्धारण व पानी की गुणवत्ता जांच संबंधी दिया प्रशिक्षण
नीमच। जल गंगा संवर्धन अभियान तहत ग्रामीण नल-जल योजना के संचालन-संधारण एवं सुदृढ़ीकरण हेतु ग्राम सरपंचों, सचिवों एवं पंप ऑपरेटरों का एक दिवसीय तकनीकी प्रशिक्षण गुरूवार को ग्राम पंचायत मोरवन के सभा कक्ष में आयोजित किया गया। इससे पूर्व नीमच विकासखण्ड में भी प्रशिक्षण संपन्न हो चुका है।प्रशिक्षण के मुख्य बिंदु:- लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के सहायक यंत्री, उपयंत्री एवं पीएमयू स्टाफ द्वारा प्रतिभागियों को योजना के नियमित संचालन, संधारण, तकनीकी रखरखाव तथा ग्रामीण स्तर पर आने वाली समस्याओं के समाधान के बारे में विस्तृत मार्गदर्शन दिया गया उपलब्ध कराई गई प्रशिक्षण सामग्री: भारत सरकार द्वारा जारी मार्गदर्शिका, समिति गठन एवं जलकर निर्धारण हेतु मध्य प्रदेश शासन का गजट, जलकर वसूली हेतु नमूना रसीद प्रारूप, एफ.टी.के. किट के माध्यम से पानी की गुणवत्ता जांचने की प्रक्रिया से संबंधी सामग्री उपलब्ध करवाई गई। प्रशिक्षण का उद्देश्य ग्राम स्तर पर नल-जल योजनाओं का सतत एवं गुणवत्तापूर्ण संचालन सुनिश्चित करना तथा पेयजल की गुणवत्ता बनाए रखना है। अधिकारियों ने जलकर की नियमित वसूली एवं उपभोक्ता समितियों को सक्रिय करने पर भी विशेष जोर दिया। यह जानकारी कार्यालय यंत्री लो.स्वा.यांत्रिकी विभाग श्री दीपेश वास्पत ने दी है।

