जनप्रतिनिधि व प्रशासनिक अधिकारियों ने मंदिर परिसर में बैठक कर व्यवस्थाओं का लिया जायजा।
विदिशा। महाशिवरात्रि पर्व एवं उदयपुर मेले की तैयारियों को लेकर उदयपुर स्थित प्रसिद्ध नीलकंठेश्वर महादेव मंदिर परिसर में जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों की महत्वपूर्ण बैठक आज आयोजित की गई थी। बासौदा विधायक श्री हरिसिंह रघुवंशी, अपर कलेक्टर श्री अनिल कुमार डामोर, पुलिस अधीक्षक श्री रोहित काशवानी एवं जिला पंचायत सीईओ श्री ओपी सनोडिया ने मंदिर में पहुंचकर पूजा-अर्चना की इसके बाद व्यवस्थाओं का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं के संबंध में अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए हैं।बैठक में मंदिर समिति के सदस्यों एवं अन्य उपस्थितजन द्वारा विभिन्न सुझाव प्रस्तुत किए गए, जिन पर बिंदुवार चर्चा कर निर्णय लिए गए।अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर लाखों श्रद्धालु दूर-दूर से दर्शन करने व शिव बारात एवं मेले में शामिल होने आते हैं, ऐसे में सुरक्षा, सुगमता और श्रद्धालुओं की सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी श्रद्धालुओं की सुविधा पर विशेष ध्यान प्रशासन ने सुनिश्चित किया है कि पूजा-पाठ में किसी भी प्रकार का व्यवधान न हो। इसके लिए मंदिर परिसर में रेलिंग व्यवस्था, आकर्षक साज-सज्जा, स्वच्छता अभियान, पेयजल व्यवस्था तथा स्वास्थ्य विभाग की टीम तैनात रहेगी। भीड़ नियंत्रण हेतु गर्भगृह में प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा तथा दर्शन की सुव्यवस्थित व्यवस्था की जाएगीसुरक्षा के पुख्ता इंतजाम पुलिस अधीक्षक श्री रोहित काशवानी ने बताया कि सुरक्षा के दृष्टिगत मंदिर से लगभग एक किलोमीटर पहले बड़े वाहनों को रोका जाएगा। मेला क्षेत्र में अतिरिक्त पुलिस बल, ग्राम रक्षा समिति के सदस्य एवं चौकीदार तैनात रहेंगे। साथ ही ड्रोन कैमरों एवं सीसीटीवी के माध्यम से बड़ी स्क्रीन पर लगातार निगरानी की जाएगी। विद्युत विभाग को भी निर्देशित किया गया है कि विद्युत संबंधी कोई दुर्घटना न हो, इसके लिए विशेष सतर्कता बरती जाए।सांस्कृतिक प्रस्तुतियां बनेंगी आकर्षण मध्यप्रदेश शासन के संस्कृति विभाग द्वारा महाशिवरात्रि की संध्या पर शाम 6:30 बजे से बुंदेली लोकगायन, शिव केंद्रित नृत्य-नाट्य एवं भक्ति संगीत की प्रस्तुति दी जाएगी, जो श्रद्धालुओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र होगी। बैठक में एसडीएम अनुभा जैन, एसडीओपी शिखा भलावी, जनपद सीईओ तपस्या जैन, मंदिर पुजारी महेंद्र शर्मा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी एवं ग्रामवासी उपस्थित रहे। जिला प्रशासन ने नागरिकों से सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि निर्धारित व्यवस्थाओं का पालन करें, जिससे महाशिवरात्रि पर्व शांतिपूर्ण एवं श्रद्धामय वातावरण में संपन्न हो सके।


